
पंजाब में पानी के मुद्दे पर अब राजनीति और तेज हो गई है। मुख्यमंत्री भगवंत मान इस मामले को लेकर गंभीर नजर आ रहे हैं और इसी के तहत उन्होंने सभी राजनीतिक दलों की एक अहम बैठक बुलाई है। यह ऑल पार्टी मीटिंग कल सुबह 10 बजे पंजाब भवन में होगी।
बैठक का मकसद क्या है?
इस मीटिंग में केंद्र सरकार द्वारा पंजाब से जबरन पानी छीने जाने, BBMB (भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड) के गलत इस्तेमाल और हरियाणा को अवैध रूप से पानी देने जैसे मुद्दों पर चर्चा होगी। मुख्यमंत्री भगवंत मान का कहना है कि पंजाब के पानी पर हो रहे अन्याय के खिलाफ सभी राजनीतिक दलों को एकजुट होकर आवाज उठानी चाहिए।
विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने पर फैसला
इस मुद्दे को और गंभीरता से उठाने के लिए पंजाब सरकार ने सोमवार को विधानसभा का एक विशेष सत्र बुलाने का फैसला किया है। इस सत्र में पानी के हक पर एक प्रस्ताव (Resolution) पेश किया जाएगा।
क्यों अहम है यह कदम?
पंजाब के किसान और आम लोग लंबे समय से पानी की कमी और असमान बंटवारे की शिकायत कर रहे हैं। भगवंत मान सरकार चाहती है कि इस मुद्दे पर राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर सभी दल मिलकर पंजाब के हक के लिए लड़ें।









