भगवंत सिंह मान ने पंजाब के गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए नई योजना की घोषणा की है। ‘मेरी रसोई योजना’ के तहत राज्य के 40 लाख परिवारों को मुफ्त राशन किट दी जाएगी। यह किट अप्रैल से तिमाही आधार पर बांटी जाएगी।
मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि यह राशन किट राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा कानून के तहत मिलने वाले गेहूं से अलग होगी। यानी लाभार्थियों को गेहूं के साथ अतिरिक्त खाद्य सामग्री भी मिलेगी।
क्या मिलेगा राशन किट में
सरकार की ओर से दी जाने वाली हर किट में यह सामान शामिल होगा:
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2 किलो मूंग-छोले की दाल
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2 किलो चीनी
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1 किलो नमक
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200 ग्राम हल्दी पाउडर
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1 लीटर सरसों का तेल
यह सामग्री परिवार की मासिक जरूरत को ध्यान में रखकर तय की गई है। सरकार का कहना है कि इससे घरों में रसोई का खर्च कम होगा और बच्चों को पौष्टिक भोजन मिल सकेगा।
एनएफएसए से अलग दी जाएगी किट
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2013 के तहत पात्र परिवारों को पहले से गेहूं मिल रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि ‘मेरी रसोई योजना’ की किट उसी के अतिरिक्त दी जाएगी। इससे परिवारों को दाल, तेल और अन्य जरूरी चीजों के लिए बाजार पर कम निर्भर रहना पड़ेगा।
मार्कफेड होगी नोडल एजेंसी
मार्कफेड को इस योजना के लिए नोडल एजेंसी बनाया गया है। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के सहयोग से किट तैयार कर लाभार्थियों तक पहुंचाई जाएगी।
सरकार ने कहा है कि वितरण के लिए मजबूत व्यवस्था बनाई गई है। गुणवत्ता की जांच सख्ती से होगी। खराब सामान या गड़बड़ी मिलने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
अप्रैल से शुरू होगा वितरण
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि किटों का वितरण अप्रैल महीने से शुरू होगा। हर तीन महीने बाद पात्र परिवारों को यह किट दी जाएगी। सरकार का दावा है कि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी होगी और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
गरीब और दलित परिवारों को राहत
वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि इस योजना से लाखों गरीब और दलित परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा। महंगाई के दौर में रसोई का खर्च बढ़ा है। ऐसे में यह कदम लोगों के लिए बड़ी राहत साबित होगा।
सरकार का कहना है कि यह योजना सिर्फ अनाज बांटने तक सीमित नहीं है, बल्कि पोषण सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में उठाया गया कदम है।
बच्चों के पोषण पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि हर बच्चे को पौष्टिक भोजन मिलना जरूरी है। राज्य में अभी भी कई परिवार ऐसे हैं जो रोज कमाते और रोज खाते हैं। ऐसे परिवारों के लिए यह योजना सहारा बनेगी।
उन्होंने कहा कि पंजाब ने देश को अनाज उत्पादन में मजबूत किया है। अब समय है कि राज्य के हर घर की रसोई भी मजबूत हो।
आगामी बजट में और फैसले
मुख्यमंत्री ने संकेत दिया कि आने वाला राज्य बजट भी लोक-हित को ध्यान में रखकर तैयार किया जाएगा। जनकल्याण योजनाओं का दायरा बढ़ाया जाएगा। सरकार का दावा है कि जनता का पैसा जनता की भलाई पर खर्च किया जा रहा है।
गुणवत्ता और निगरानी पर फोकस
सरकार ने भरोसा दिलाया है कि किट में शामिल हर सामान की गुणवत्ता की जांच होगी। सप्लाई में गड़बड़ी या घटिया सामग्री मिलने पर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
लाभार्थियों को समय पर किट मिले, इसके लिए विभागीय स्तर पर निगरानी रखी जाएगी
योजना का महत्व
‘मेरी रसोई योजना’ को राज्य की बड़ी सामाजिक पहल माना जा रहा है। 40 लाख परिवारों तक पहुंचने वाली यह योजना सीधे तौर पर गरीब और जरूरतमंद वर्ग को राहत देगी।
सरकार का मानना है कि इससे परिवारों का खर्च घटेगा, बच्चों को बेहतर पोषण मिलेगा और समाज के कमजोर वर्ग को सहारा मिलेगा। अप्रैल से शुरू होने वाली यह योजना आने वाले समय में पंजाब की प्रमुख जनकल्याण योजनाओं में शामिल हो सकती है।









