पंजाब के संगरूर जिले में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कार्यालय पर आधी रात को कथित पेट्रोल बम से हमला किए जाने की सनसनीखेज घटना सामने आई है। उभावाल रोड स्थित भाजपा कार्यालय को निशाना बनाकर अज्ञात बाइक सवार बदमाशों ने ज्वलनशील पदार्थ से भरी बोतल फेंकी। गनीमत रही कि बोतल दीवार से टकराकर नीचे गिर गई और बड़ा हादसा टल गया। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है, जबकि पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच तेज कर दी है।
आधी रात को दो युवकों ने दिया वारदात को अंजाम
जानकारी के अनुसार, घटना देर रात करीब 1:45 बजे से 2:30 बजे के बीच की बताई जा रही है। भाजपा के पूर्व जिला अध्यक्ष सरजीवन जिंदल ने बताया कि कार्यालय घनी आबादी वाले रिहायशी इलाके के पास स्थित है। इसी दौरान मोटरसाइकिल पर सवार दो अज्ञात युवक कार्यालय के बाहर पहुंचे और ज्वलनशील पदार्थ से भरी बोतल दीवार की ओर फेंककर मौके से फरार हो गए।
सौभाग्य से बोतल दीवार से टकराकर नीचे गिर गई, जिससे आग ने बड़ा रूप नहीं लिया और किसी प्रकार का जान-माल का नुकसान नहीं हुआ।
सुबह सफाई कर्मचारी ने देखे जले हुए निशान
घटना का खुलासा सोमवार सुबह उस समय हुआ जब कार्यालय का सफाई कर्मचारी रोजाना की तरह पहुंचा। उसने बाहर कांच के टूटे टुकड़े, जली हुई बोतल के अवशेष और आग के निशान देखे। इसके बाद तत्काल भाजपा नेताओं और स्थानीय पुलिस को सूचना दी गई।
सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी और भाजपा पदाधिकारी मौके पर पहुंचे तथा घटनास्थल का निरीक्षण किया।
CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) डॉ. रवजोत कौर के नेतृत्व में पुलिस की कई टीमें जांच में जुट गई हैं। पुलिस ने घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। साथ ही डीवीआर सहित अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य भी जब्त किए गए हैं।
हर एंगल से हो रही जांच
एसएसपी डॉ. रवजोत कौर ने बताया कि मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है और पुलिस सभी पहलुओं से जांच कर रही है। यह पता लगाया जा रहा है कि घटना किसी व्यक्तिगत रंजिश का परिणाम है या फिर शहर का माहौल बिगाड़ने की सुनियोजित साजिश।
उन्होंने भरोसा दिलाया कि तकनीकी साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की जल्द पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।
इलाके में बढ़ाई गई सुरक्षा
घटना के बाद उभावाल रोड और आसपास के क्षेत्रों में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है। सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त करते हुए संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जा रही है। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों और राजनीतिक हलकों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ गई है।












