केंद्र सरकार ने पिछले दो वर्षों के दौरान देश में 50 ओटीटी (OTT) प्लेटफॉर्म ब्लॉक किए हैं। सरकार का कहना है कि इन प्लेटफॉर्म्स पर अश्लील और आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित की जा रही थी, जो सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम और अन्य लागू कानूनों का उल्लंघन करती थी। यह जानकारी संसद में केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव द्वारा लिखित जवाब में दी गई।
क्यों की गई कार्रवाई?
सरकार के अनुसार, जिन प्लेटफॉर्म्स पर कार्रवाई की गई, वे अश्लील और आपत्तिजनक कंटेंट उपलब्ध करा रहे थे। ऐसे मामलों में संबंधित कानूनों और आईटी नियमों के तहत सार्वजनिक पहुंच (Public Access) को रोकने का फैसला लिया गया।
ऑनलाइन सुरक्षा और डिजिटल जागरूकता पर भी जोर
सरकार ने संसद को बताया कि केवल कार्रवाई ही नहीं, बल्कि साइबर सुरक्षा, ऑनलाइन सुरक्षा और डिजिटल जागरूकता बढ़ाने के लिए भी लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं। इन अभियानों के माध्यम से लाखों लोगों तक सुरक्षित इंटरनेट उपयोग और साइबर अपराधों से बचाव का संदेश पहुंचाया गया है। साथ ही बच्चों और युवाओं को सुरक्षित डिजिटल वातावरण उपलब्ध कराने पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए स्पष्ट संदेश
विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के लिए स्पष्ट संकेत है कि भारत में संचालन के दौरान आईटी कानूनों और डिजिटल कंटेंट से जुड़े नियमों का पालन अनिवार्य है। नियमों का उल्लंघन करने वाले प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ भविष्य में भी सख्त कार्रवाई जारी रह सकती है।












