13 अप्रैल 2018 की मध्यरात्रि को फगवाड़ा के गोल चौंक के नाम को लेकर हुआ हिंसक विवाद का तनाव अंदर ही अंदर अभी भी पूरी तरह से सुलग रहा है। इसके चलते ही बहुज़न संर्घष कमेटी फगवाड़ा द्वारा हरभजन सुमन व यश बरना की अध्यक्षता में पुलिस प्रशासन को एसपीडी के नाम एक मांग पत्र देकर मांग की गई कि पुलिस द्वारा इस मामले में उस समय की गई एफआरआई नंबर 77 व 78 में जिन लोगों को गिरफ्तार किया है उसके ईलावा जिन लोगों का नाम चालान में पेश किया गया है उनमें कुछ लोगों की गिरफ्तारी फिलहाल नही की गई है। उन्होंने मांग की है कि उन लोगों की गिरफ्तारी भी ज़ल्द से जल्द की जाए। इसके साथ ही उन्होंने मांग की है कि उक्त मामले में फोरैसिंक रिर्पोट में यह पता नही चल पाया है कि बौबी की मौत किस गोली से हुई इस लिए इसकी जांच दिल्ली की लैब से करवाई जाए। उन्होने कहा कि अगर जल्द ही बाकी रहते दोषियों की गिरफ्तारी नही की गई तो उन्हें मजबूरन संर्घष करना पड़ेगा। यह है वो नाम जिन्हें गिरफ्तार करने की मांग उठाई गई है: बबलू सिंह राजेश पलटा अमरिंदर सिंह इंदरजीत करवल का भतीज़ा योगेश प्रभाकर बंटू संजू के साथ साथ इंदरजीत करवल के मामे का बेटा। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि पुलिस की ढीली प्रणाली के चलते हिन्दू नेताओं को जमानत लेने में आसानी हो रही है।
लुधियाना में 2 किलो सोने की करोड़ों की ठगी, पार्टनरशिप के नाम पर कारोबारी से धोखा
पंजाब के औद्योगिक शहर लुधियाना के व्यस्त सर्राफा बाजार से करोड़ों रुपये के सोने की कथित ठगी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि ज्वेलरी कारोबार में साझेदारी और भारी मुनाफे का लालच देकर एक कारोबारी से करीब 2 किलो सोना ले लिया गया और बाद में उसे रिश्तेदारों को...









