जिला कपूरथला महिला कांग्रेस की प्रधान संगीता धीर ने नीट (NEET) परीक्षा में कथित पेपर लीक और सामने आई अनियमितताओं को बेहद गंभीर मामला बताते हुए इसकी निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि यह केवल एक परीक्षा का मुद्दा नहीं बल्कि देश के लाखों विद्यार्थियों और उनके परिवारों के भविष्य से जुड़ा विषय है, इसलिए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए।
संगीता धीर ने कहा कि मेडिकल क्षेत्र में करियर बनाने का सपना देखने वाले विद्यार्थी वर्षों तक कठिन परिश्रम करते हैं। अभिभावक भी अपने बच्चों की शिक्षा और कोचिंग पर बड़ी रकम खर्च करते हैं। ऐसे में जब परीक्षा प्रक्रिया में गड़बड़ियों और पेपर लीक जैसी खबरें सामने आती हैं तो छात्रों की मेहनत पर पानी फिर जाता है और परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं।
उन्होंने कहा कि हाल के वर्षों में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर लगातार विवाद सामने आने से युवाओं का भरोसा सरकारी परीक्षा व्यवस्थाओं पर कमजोर हुआ है। यह केवल शिक्षा व्यवस्था का संकट नहीं बल्कि देश के भविष्य से जुड़ा गंभीर विषय है। यदि परीक्षा की निष्पक्षता और पारदर्शिता पर प्रश्नचिन्ह लग रहे हैं तो संबंधित विभागों की जवाबदेही भी तय होनी चाहिए।
महिला कांग्रेस नेता ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देने की मांग की। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की स्वतंत्र, निष्पक्ष और समयबद्ध जांच करवाई जाए तथा यदि किसी भी स्तर पर लापरवाही, भ्रष्टाचार या मिलीभगत सामने आती है तो दोषियों को कड़ा से कड़ा दंड दिया जाए।
संगीता धीर ने यह भी कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए परीक्षा प्रणाली को तकनीकी रूप से अधिक सुरक्षित और मजबूत बनाया जाना चाहिए। देश का युवा केवल आश्वासन नहीं बल्कि न्याय, पारदर्शिता और जवाबदेही चाहता है।
उन्होंने केंद्र सरकार और संबंधित एजेंसियों से अपील की कि जांच प्रक्रिया जल्द पूरी कर सच्चाई देश के सामने लाई जाए, ताकि विद्यार्थियों और अभिभावकों का विश्वास दोबारा बहाल हो सके।









