नई दिल्ली/चंडीगढ़। पंजाब में प्रवर्तन निदेशालय (ED) की हालिया छापेमारी को लेकर राजनीतिक माहौल गरमा गया है। आम आदमी पार्टी (AAP) और पंजाब सरकार ने ईडी की कार्रवाई पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए केंद्र सरकार पर केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाया है।
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए कहा कि पंजाब के व्यापारियों को निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने व्यापारियों से अपील की कि वे घबराएं नहीं, क्योंकि पंजाब सरकार और राज्य के लोग उनके साथ खड़े हैं।
केजरीवाल ने आरोप लगाया कि ईडी की कार्रवाई के जरिए व्यापारियों पर दबाव बनाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि पंजाब के छोटे और मध्यम व्यापारियों को परेशान करना किसी भी तरह से उचित नहीं है और राज्य के कारोबारी वर्ग को एकजुट होकर इसका सामना करना चाहिए।
वहीं, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने भी ईडी की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि पंजाब के व्यापारी राज्य की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं और ‘रंगला पंजाब’ के निर्माण में उनका अहम योगदान है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल राजनीतिक उद्देश्यों के लिए किया जा रहा है, जिसे पंजाब के लोग स्वीकार नहीं करेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार हर परिस्थिति में व्यापारियों के साथ खड़ी है और उनके हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
इस मुद्दे पर कांग्रेस और अन्य राजनीतिक दलों की प्रतिक्रियाओं के बीच बयानबाजी तेज हो गई है। केजरीवाल ने कांग्रेस पर भी निशाना साधते हुए कहा कि उनके बयानों का विरोध करने के बजाय पार्टी को व्यापारियों के हितों की चिंता करनी चाहिए।
उधर, आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया ने भी केंद्र सरकार की आर्थिक नीतियों और जांच एजेंसियों के इस्तेमाल को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि देश को नवाचार और निवेश आधारित अर्थव्यवस्था की जरूरत है, न कि ऐसी व्यवस्था की जिसमें कारोबारी वर्ग पर लगातार दबाव बनाया जाए।
फिलहाल ईडी की कार्रवाई और उस पर उठे राजनीतिक विवाद को लेकर पंजाब की राजनीति में हलचल तेज हो गई है।









