
मोहाली/चंडीगढ़ – ड्रग्स केस में घिरे शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं। मोहाली की अदालत ने उनकी न्यायिक हिरासत 14 दिन के लिए और बढ़ा दी है। अब अगली सुनवाई 2 अगस्त को होगी।
🔎 विजीलेंस का शिकंजा कसता जा रहा है
मजीठिया को आज कड़ी सुरक्षा के बीच अदालत में पेश किया गया। इसी बीच, विजीलेंस और स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीमें उनके चंडीगढ़ स्थित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं।
सूत्रों के अनुसार, यह संपत्तियाँ शेल कंपनियों के ज़रिए खरीदी गईं और इनमें ड्रग मनी का निवेश किया गया हो सकता है। इनकी अनुमानित कीमत ₹150 से ₹200 करोड़ के बीच बताई जा रही है।
💸 540 करोड़ की ड्रग मनी की जांच
विजीलेंस ने मजीठिया को 25 जून को “आय से अधिक संपत्ति” के मामले में गिरफ्तार किया था। आरोप है कि उन्होंने 540 करोड़ रुपये की ड्रग मनी को मनी लॉन्ड्रिंग नेटवर्क के माध्यम से वैध संपत्तियों में तब्दील किया।
जांच एजेंसियां गवाहों के बयान और डिजिटल दस्तावेजों के आधार पर इस नेटवर्क की जड़ तक पहुंचने की कोशिश में लगी हैं।
⚖️ सियासत पर असर
अगर ये आरोप साबित होते हैं, तो यह मामला पंजाब की राजनीति में गहरा मोड़ ला सकता है। विपक्ष लगातार इसे राजनीतिक प्रतिशोध बता रहा है, जबकि सरकार इसे “जीरो टॉलरेंस पॉलिसी” के तहत कार्रवाई बता रही है।
📌 मुख्य बिंदु संक्षेप में:
-
बिक्रम मजीठिया की न्यायिक हिरासत अब 2 अगस्त तक।
-
चंडीगढ़ व अन्य ठिकानों पर विजीलेंस का छापा।
-
बेनामी संपत्तियों की कीमत ₹200 करोड़ तक।
-
540 करोड़ की ड्रग मनी से मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप।
-
राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज।









