चंडीगढ़: पंजाब की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। कैबिनेट मंत्री और मलोट से विधायक बलजीत कौर ने शिरोमणि अकाली दल के नेता सुखबीर सिंह बादल के मलोट अनाज मंडी दौरे को “राजनीतिक ड्रामा” करार देते हुए उन पर किसानों को गुमराह करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि अकाली दल द्वारा खरीद व्यवस्था को लेकर फैलाए जा रहे दावे पूरी तरह भ्रामक हैं।
बलजीत कौर ने स्पष्ट किया कि जिस दिन सुखबीर बादल मंडी पहुंचे, उस दिन वह कैबिनेट बैठक के कारण चंडीगढ़ में थीं। उन्होंने कहा कि यदि वह मौके पर मौजूद होतीं तो खुद उन्हें वास्तविक स्थिति से अवगत करातीं। मंत्री ने बताया कि मंडी में खरीद उसी दिन शुरू हो गई थी और पारदर्शी कतार प्रणाली के जरिए किसानों की फसल की निष्पक्ष खरीद सुनिश्चित की गई।
उन्होंने कहा कि कुछ किसान अलग-अलग दिनों में फसल लेकर आते हैं, ऐसे में निर्धारित प्रक्रिया के तहत उनकी बारी के अनुसार खरीद की जाती है। अधिकारियों को पहले ही स्पष्ट निर्देश दिए गए थे कि किसी भी किसान के साथ भेदभाव न हो और पूरी प्रक्रिया पारदर्शी ढंग से चले।
अकाली दल पर तीखा हमला
बलजीत कौर ने अकाली दल पर निशाना साधते हुए कहा कि राजनीतिक लाभ के लिए तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जो नेता पहले जनता से दूर रहते थे, अब अपनी राजनीतिक जमीन बचाने के लिए ड्रामा और प्रोपेगैंडा का सहारा ले रहे हैं।
हरसिमरत कौर पर सवाल
मंत्री ने सांसद हरसिमरत कौर बादल पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि जब किसानों की फसलें ओलावृष्टि से प्रभावित हुईं, तब केंद्र सरकार पर राहत के लिए समय रहते दबाव क्यों नहीं बनाया गया। उन्होंने बताया कि खराब गेहूं के लिए राहत का अप्रूवल 17 अप्रैल को मिला, जबकि इसकी जरूरत पहले से थी।
कृषि कानूनों का भी किया जिक्र
बलजीत कौर ने कहा कि जो नेता आज किसानों के हितैषी बनने का दावा कर रहे हैं, वही पहले विवादित कृषि कानूनों के समर्थन में खड़े थे। उन्होंने किसानों से अपील की कि वे यह याद रखें कि कठिन समय में कौन उनके साथ था।
सरकार का दावा—हर स्तर पर मदद
मंत्री ने दोहराया कि पंजाब सरकार किसानों के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने बताया कि प्रभावित गांवों में पशुओं के लिए चारे का भी इंतजाम किया गया है। सरकार हर वर्ग की भलाई के लिए काम कर रही है और आगे भी ऐसे प्रयास जारी रहेंगे।







