राज्य में राजस्व संग्रह के लक्ष्यों को समय पर पूरा करने के लिए पंजाब के जीएसटी विभाग में कार्यरत अधिकारियों और कर्मचारियों को शनिवार की छुट्टी के दिन भी नियमित रूप से कार्यालय में उपस्थित होकर काम करने के निर्देश जारी किए गए हैं। यह आदेश जीएसटी विभाग के फाइनेंशियल कमिश्नर टैक्सेशन अजीत बालाजी जोशी (आईएएस) के निर्देश पर लागू किए गए हैं, जो 31 मार्च 2026 तक प्रभावी रहेंगे।
आदेशों में स्पष्ट किया गया है कि विभागीय टारगेट पूरे करने के उद्देश्य से शनिवार की साप्ताहिक छुट्टी को अस्थायी रूप से रद्द किया गया है। विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार, आवश्यकता पड़ने पर यह व्यवस्था रविवार तक भी लागू की जा सकती है। शनिवार को जीएसटी मुख्यालय और अन्य कार्यालयों में आम कार्यदिवसों की तरह गतिविधियां देखी गईं, जहां सभी अधिकारी और कर्मचारी ड्यूटी पर मौजूद रहे।
गौरतलब है कि इससे पहले पंजाब सरकार द्वारा सरकारी कर्मचारियों के लिए सप्ताह में दो दिन—शनिवार और रविवार—की छुट्टी निर्धारित की गई थी। इसका उद्देश्य कर्मचारियों को पारिवारिक जिम्मेदारियों, बाजार से खरीदारी और अन्य लंबित व्यक्तिगत कार्यों को निपटाने का समय देना था, क्योंकि रविवार को अधिकांश बाजार और संस्थान बंद रहते हैं। ऐसे में शनिवार की अतिरिक्त छुट्टी कर्मचारियों के लिए विशेष महत्व रखती थी।
नए आदेशों के तहत अब जीएसटी विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए शनिवार को भी सामान्य कार्यदिवस की तरह कार्यालय में उपस्थित होकर विधिवत काम करना अनिवार्य कर दिया गया है। हालांकि विभाग के भीतर इन आदेशों को लेकर असंतोष की चर्चा है, लेकिन कर्मचारी और अधिकारी सार्वजनिक रूप से या मीडिया के सामने प्रतिक्रिया देने से बचते नजर आ रहे हैं।
सूत्रों का कहना है कि उच्च स्तर पर यह फैसला लंबित राजस्व लक्ष्यों को शीघ्र पूरा करने के लिए लिया गया है। उल्लेखनीय है कि केंद्र सरकार के कुछ विभागों में भी इसी तरह शनिवार की छुट्टी रद्द कर कर्मचारियों को ड्यूटी पर बुलाया गया है। वहीं, देश के कुछ हिस्सों में कर्मचारी संगठनों द्वारा रद्द की गई छुट्टियों के बदले वेतन की मांग को लेकर आपत्ति भी दर्ज कराई गई है।









