
पंजाब के जालंधर जिले में सरपंच पर हुए हमले के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को मुठभेड़ के दौरान काबू कर लिया। आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग की, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी और उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
जानकारी के अनुसार, देर रात गांव मेहतपुर के घुम्मण पैलेस के पास पुलिस ने एक संदिग्ध मोटरसाइकिल सवार युवक को रुकने का इशारा किया। पुलिस के मुताबिक युवक ने रुकने के बजाय पुलिस से बचने की कोशिश की और पिस्तौल से फायरिंग कर दी। हालांकि पुलिस कर्मी इस हमले में सुरक्षित बच गए।
इसके बाद सब-इंस्पेक्टर कश्मीर सिंह ने सरकारी पिस्तौल से जवाबी कार्रवाई की। पुलिस की गोली आरोपी के दाहिने पैर में लगी, जिससे वह घायल होकर गिर पड़ा। मौके पर मौजूद पुलिस टीम ने तुरंत उसे काबू कर लिया।
घायल आरोपी की पहचान सुखजीत कुमार उर्फ शीलू (22) पुत्र सुखजिंदर राम निवासी गांव खोखेवाल, बिलगा के रूप में हुई है। उसे उपचार के लिए नकोदर के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
मौके पर डीएसपी शाहकोट सुखपाल सिंह और थाना मेहतपुर के एसएचओ पंकज कुमार भी पहुंचे और मामले की जानकारी ली।
डीएसपी सुखपाल सिंह ने बताया कि 28 फरवरी को गांव बुटे दिया छन्ना मेहतपुर में कुछ अज्ञात हमलावरों ने गांव के सरपंच महिंद्र सिंह पर तेजधार हथियारों से हमला कर दिया था। हमलावरों ने अपने चेहरे कपड़े से ढके हुए थे। इस हमले में सरपंच गंभीर रूप से घायल हो गए थे और उन्हें इलाज के लिए जालंधर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
पुलिस ने इस मामले में हत्या के प्रयास का केस दर्ज कर जांच शुरू की थी। जांच के दौरान सामने आया कि सरपंच महिंद्र सिंह पर हमला चुनावी रंजिश के चलते करवाया गया था। पुलिस के अनुसार गांव के ही अमनदीप उर्फ राजा ने रंजिश के चलते हमला करवाने की साजिश रची थी।
जांच में यह भी सामने आया कि सुखजीत कुमार इस हमले में शामिल था। पुलिस आरोपी को पकड़ने के लिए पहले से ही ट्रैप लगाए बैठी थी।
डीएसपी सुखपाल सिंह ने कहा कि कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने अपराधियों को चेतावनी दी कि या तो अपराध छोड़ दें या फिर इलाके से दूर चले जाएं।








