दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष आतिशी से जुड़े कथित विवादित वीडियो मामले में जालंधर की अदालत के फैसले ने सियासी हलकों में हलचल मचा दी है। अदालत ने स्पष्ट रूप से कहा है कि भाजपा नेताओं द्वारा वायरल किया गया वीडियो “डॉक्टर्ड”, यानी छेड़छाड़ किया हुआ और पूरी तरह फर्जी है। इस फैसले पर आम आदमी पार्टी के सांसद मलविंदर सिंह कंग ने भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए इसे उसकी “सिख विरोधी और नफरत की राजनीति” का प्रमाण बताया।
मलविंदर सिंह कंग ने जालंधर कोर्ट के आदेश का स्वागत करते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी पहले दिन से यह कहती आ रही थी कि भाजपा अपनी घटिया राजनीति के लिए किसी भी हद तक जा सकती है, यहां तक कि सिख गुरु साहिबानों का अपमान करने से भी पीछे नहीं हटती। अदालत के फैसले ने आज इस सच्चाई पर आधिकारिक मुहर लगा दी है।
वीडियो को जानबूझकर तोड़-मरोड़कर किया गया पेश
आप सांसद ने कहा कि अदालत ने साफ तौर पर माना है कि आतिशी द्वारा विधानसभा में दिए गए बयान को भाजपा नेताओं ने, विशेष रूप से कपिल मिश्रा ने, अपने सोशल मीडिया हैंडल पर तोड़-मरोड़कर पेश किया। कंग के अनुसार, वीडियो में जानबूझकर छेड़छाड़ की गई ताकि जनता को गुमराह किया जा सके और पंजाब की धार्मिक भावनाओं को भड़काया जा सके।
उन्होंने कहा कि यह फैसला इस बात का सबूत है कि भाजपा ने सच को छिपाकर फर्जी कंटेंट के जरिए राजनीतिक लाभ उठाने की कोशिश की।
भाजपा का सिख विरोधी रिकॉर्ड रहा है पुराना
मलविंदर सिंह कंग ने भाजपा के पुराने रिकॉर्ड की ओर इशारा करते हुए कहा कि यह पहली बार नहीं है जब इस पार्टी ने सिख धर्म और गुरु साहिबानों का अपमान किया हो। उन्होंने आरोप लगाया कि इससे पहले भी दशम पिता और साहिबजादों से जुड़े आपत्तिजनक कार्टून और टिप्पणियां सामने आ चुकी हैं।
भावुक लहजे में कंग ने कहा कि गुरु तेग बहादुर महाराज, जिन्होंने साढ़े तीन सौ साल पहले देश और धर्म की रक्षा के लिए शहादत दी, उनके प्रति भी भाजपा का रवैया अपमानजनक रहा है। यह भाजपा की असली सोच और मानसिकता को दर्शाता है।
सुनील जाखड़ से माफी की मांग
आप सांसद ने भाजपा के पंजाब प्रभारी सुनील जाखड़ से सीधा सवाल करते हुए कहा कि जो नेता खुद को “सच्चा और साफ-सुथरा” बताते हैं, क्या अब वे अदालत के फैसले के बाद पंजाब की जनता से माफी मांगेंगे?
इसके साथ ही कंग ने रवनीत सिंह बिट्टू, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मनजिंदर सिंह सिरसा से भी सवाल किया कि कपिल मिश्रा जैसे नेताओं की हरकतों की जिम्मेदारी कौन लेगा।
कंग ने कहा कि अदालत का यह फैसला साबित करता है कि भाजपा ने केवल सियासी फायदे के लिए फर्जी वीडियो फैलाया और सिख गुरु साहिबानों के नाम पर झूठा प्रचार किया। अब सच जनता के सामने आ चुका है।









