अमृतसर में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के दौरे के दौरान आम आदमी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने काले झंडे दिखाकर विरोध किया। यह प्रदर्शन दाना मंडी के बाहर किया गया, जहां सैनी एक रैली और समुदायिक कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे।
प्रदर्शन के दौरान आप नेताओं ने सिर पर काली पट्टी बांधी और भाजपा के खिलाफ नारे लगाए। उनका कहना था कि केंद्र सरकार ने पंजाब के हिस्से के कई फंड रोके हैं, ऐसे में भाजपा को पंजाब आकर भाषण देने का नैतिक अधिकार नहीं है।
जीवनजोत कौर ने उठाए सवाल
विधायक जीवनजोत कौर ने मीडिया से कहा कि भाजपा ने पंजाब के ग्रामीण विकास, स्वास्थ्य और शिक्षा से जुड़े फंड रोके हैं। उन्होंने पूछा कि जब राज्य का बकाया पैसा रोका जा रहा है तो भाजपा किस मुंह से पंजाब में आकर लोगों को संबोधित कर रही है।
उन्होंने कहा कि पंजाब के लोग समझदार हैं और वे झूठे प्रचार से गुमराह नहीं होंगे। यह विरोध उसी नाराजगी का संकेत है जो आम लोगों में है।
कानून-व्यवस्था पर बयान
आप नेता नील गर्ग ने कहा कि हरियाणा के मुख्यमंत्री को पंजाब की कानून-व्यवस्था पर टिप्पणी करने से पहले अपने राज्य की स्थिति देखनी चाहिए। उन्होंने दावा किया कि उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार कानून-व्यवस्था के मामले में पंजाब की स्थिति बेहतर है।
नील गर्ग ने कहा कि हरियाणा में हाल के वर्षों में हत्या और महिला अपराध के मामले ज्यादा सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब को लेकर गलत तस्वीर पेश करना ठीक नहीं है।
किसानों के मुद्दे पर जवाब
प्रदर्शन के दौरान किसानों के कर्ज के मुद्दे पर भी बात हुई। आप नेताओं ने कहा कि किसानों की स्थिति पर राजनीति नहीं होनी चाहिए। उनका कहना था कि दोनों राज्यों में किसान आर्थिक दबाव झेल रहे हैं और समाधान के लिए ठोस कदम जरूरी हैं।
बड़ी संख्या में जुटे कार्यकर्ता
दाना मंडी के बाहर बड़ी संख्या में आप विधायक, जिला पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। उन्होंने शांतिपूर्ण तरीके से विरोध जताया। पुलिस बल भी मौके पर तैनात रहा ताकि व्यवस्था बनी रहे।
राजनीतिक माहौल गरम
नायब सिंह सैनी का यह दौरा ऐसे समय में हुआ जब पंजाब और केंद्र सरकार के बीच फंड और अन्य मुद्दों को लेकर बयानबाजी तेज है। आप नेताओं ने कहा कि पंजाब में राजनीतिक लाभ लेने के बजाय हरियाणा सरकार को अपने राज्य के विकास पर ध्यान देना चाहिए।
प्रदर्शन के बाद रैली का कार्यक्रम जारी रहा। हालांकि विरोध के कारण कुछ समय के लिए माहौल तनावपूर्ण बना रहा, लेकिन बाद में स्थिति सामान्य हो गई।









