
जालंधर में एक चर्चित चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) और उसकी पत्नी पर गंभीर धोखाधड़ी के आरोप सामने आए हैं। आरोप है कि दोनों ने डीसी के नाम का इस्तेमाल कर अलग-अलग लोगों से कुल 46.18 लाख रुपये ठग लिए। इस मामले में जालंधर पुलिस को दो अलग-अलग शिकायतें दी गई हैं। एक शिकायत जालंधर देहात पुलिस और दूसरी कमिश्नरेट पुलिस के पास दर्ज करवाई गई है। दोनों मामलों में पुलिस ने प्राथमिक जांच शुरू कर दी है।
जालंधर देहात पुलिस में दी गई शिकायत लोहियां खास स्थित जोसन अस्पताल के डॉक्टर गुरिन्द्र सिंह जोसन ने दर्ज करवाई है। डॉक्टर के अनुसार संबंधित सीए पिछले कई वर्षों से उनके अस्पताल का टैक्स और अकाउंट से जुड़ा सारा काम देख रहा था। आरोप है कि सीए हर साल टैक्स से जुड़े कथित गोपनीय मामलों का हवाला देकर उनसे करीब 8 लाख रुपये लेता रहा। यह रकम टैक्स विभाग में जमा करवाने की बात कही जाती थी।
डॉक्टर गुरिन्द्र सिंह जोसन का कहना है कि चार साल में यह रकम करीब 32 लाख रुपये तक पहुंच गई। जब उन्हें शक हुआ तो उन्होंने विभाग से जानकारी ली। जांच में सामने आया कि अस्पताल के रिकॉर्ड सही थे और किसी अतिरिक्त टैक्स की जरूरत नहीं थी। डॉक्टर का आरोप है कि जब उन्होंने सीए से सवाल किया तो उन्हें धमकाया गया और अधिकारियों के नाम लेकर दबाव बनाया गया।
दूसरा मामला कमिश्नरेट पुलिस जालंधर के पास दर्ज हुआ है। अर्बन एस्टेट फेज-1 निवासी कारोबारी सतविन्द्र जोसन ने सीए और उसकी पत्नी पर 14 लाख 18 हजार रुपये की ठगी का आरोप लगाया है। शिकायत के अनुसार उनका एमएसएमई से जुड़ा एक मामला डीसी दफ्तर में लंबित था। इस दौरान आरोपी दंपती ने दावा किया कि उनके डीसी हिमांशु अग्रवाल से करीबी संबंध हैं और वे काम आसानी से करवा सकते हैं।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि सीए की पत्नी ने जिमखाना क्लब में एक कार्यक्रम के दौरान डीसी से मुलाकात का हवाला दिया। इन दावों के आधार पर अलग-अलग समय पर उनसे 14.18 लाख रुपये ले लिए गए। कारोबारी का आरोप है कि काम नहीं होने पर जब पैसे वापस मांगे गए तो धमकाया गया। बाद में लिखित समझौता होने के बावजूद रकम वापस नहीं की गई।
दोनों शिकायतें मिलने के बाद जालंधर देहात पुलिस और कमिश्नरेट पुलिस जालंधर ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि तथ्यों की जांच के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।









