नशे पर लगाम कसने के लिए पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरेंदर सिंह हर संभव प्रयास करने में लगे हुए इसके चलते ही पंजाब पुलिस की आज जारी नई तबादला नीति के मुताबिक अब थाना प्रभारी तथा मुंशी एक थाने में अधिक से अधिक तीन साल तथा कांस्टेबल और हैड कांस्टेबल पांच वर्ष तक तैनात रह सकेंगे। गौर हो कि नशे की समस्या से जूझ रही सरकार के सामने आए तथ्यों के बाद ऐसे फैसले लेने को मजबूर होना पड़ा। नशे के मामले में तस्करों तथा मौत के सौदागरों से साठगांठ सामने आई तथा अधिकारी और कर्मचारियों को निलंबित तक करना पड़ा। ऐसा मुख्यमंत्री कैप्टन अमरेंद्र सिंह के निर्देश पर पुलिस के कामकाज में पारदर्शिता लाने तथा निचले रैंक के कर्मचारियों के कथित गठजोड़ को तोडऩे के लिए किया गया है। नई नीति के तहत यह भी फैसला किया गया है कि कोई भी थाना प्रभारी एस.एच.ओ अपने गृह उप मंडल में तैनात नहीं किया जाएगा। प्रवक्ता के अनुसार अपराधियों तथा निचले रैंक के कर्मियों की सांठगांठ की मिली शिकायतें को गंभीरता से लेते हुए पुलिस महानिदेशक सुरेश अरोड़ा को नई तबादला नीति बनाने को कहा था।
Punjab Board Result 2026: CM भगवंत मान ने छात्रों को दी बधाई, बोले- मेहनत ही सफलता की असली कुंजी
पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड (PSEB) के परीक्षा परिणाम घोषित होने के बाद पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने विद्यार्थियों को शानदार प्रदर्शन के लिए बधाई दी है। मुख्यमंत्री ने छात्रों की मेहनत और समर्पण की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। मुख्यमंत्री भगवंत...







