सिविल अस्पताल के बाहर ट्रैफिक को लेकर पुलिस और एक ऑटो चालक के बीच तीखी बहस हो गई। कुछ ही देर में वहां भीड़ जुट गई और माहौल गर्म हो गया।
ऑटो चालक ने कहा कि वह एक मरीज को अस्पताल छोड़ने आया था। मरीज को उतारकर जैसे ही बाहर निकला, पुलिस ने उसे रोक लिया। चालक का आरोप है कि दस्तावेज देखने के बाद पुलिस चालान काटने और ऑटो थाना-4 ले जाने लगी। उसने इसका विरोध किया। उसका कहना है कि चालान काटना अलग बात है, लेकिन बिना वजह ऑटो जब्त करना ठीक नहीं।
पुलिस का कहना है कि वन-वे जोन में ऑटो प्रतिबंधित हैं। चालक से कागज मांगे गए, लेकिन उसने मौके पर दस्तावेज नहीं दिखाए। ट्रैफिक इंचार्ज के अनुसार, उसे पहले चौक पर रुकने का इशारा किया गया था, पर वह नहीं रुका। बाद में पीछा कर रोका गया।
घटना की सूचना पर कांग्रेस पार्षद शैरी चड्ढा मौके पर पहुंचे। पुलिस अधिकारी कुलवंत ने कहा कि मरीज की स्थिति में आम तौर पर सख्ती नहीं की जाती। दोनों पक्षों के बीच काफी देर बहस चली। आखिर में पार्षद के हस्तक्षेप से मामला शांत हुआ।









